फर्रुखाबाद। जनपद के सिद्धार्थ कान्वेंट पब्लिक स्कूल, अजमतपुर रोड में 2330वां विश्व विजेता चक्रवर्ती सम्राट अशोक महान का जन्मोत्सव समारोह बड़े ही धूमधाम और गरिमामय वातावरण में संपन्न हुआ। कार्यक्रम का आयोजन सम्यक बुद्ध विहार (ट्रस्ट) नगला जैतपुर ट्रस्टी अध्यक्ष विमलेश शाक्य (नास्तिक) जिला कोषाध्यक्ष भारतीय किसान यूनियन टिकैत द्वारा किया गया।
कार्यक्रम की अध्यक्षता लाला विजय बहादुर शाक्य ने की, जबकि मुख्य अतिथि के रूप में भाकियू टिकैत के जिला अध्यक्ष अजय कटियार उपस्थित रहे। मुख्य वक्ता डॉ. रामकृष्ण राजपूत ने अपने संबोधन में सम्राट अशोक के जीवन, उनके प्रशासनिक कौशल, तथा बौद्ध धर्म के प्रचार-प्रसार में उनके योगदान पर विस्तार से प्रकाश डाला। उन्होंने कहा कि सम्राट अशोक का जीवन मानवता, अहिंसा और न्याय का अद्वितीय उदाहरण है।
सहवक्ता के रूप में पूर्व अभियंता अवनीश शाक्य एवं भन्ते नाग सेन ने भी अपने विचार रखते हुए बताया कि सम्राट अशोक ने कलिंग युद्ध के बाद जिस प्रकार हिंसा का त्याग कर धम्म नीति को अपनाया, वह आज के समाज के लिए भी अत्यंत प्रेरणादायक है। उन्होंने सम्राट अशोक को विश्व शांति का अग्रदूत बताया।
कार्यक्रम का सफल संचालन प्रताप सिंह यादव द्वारा किया गया। इस अवसर पर वक्ताओं में बेचेलाल बेचैन, हरगोविंद सिंह शाक्य (सिकंदरपुर), देवकीनंदन शाक्य (आवाज विकास), छविनाथ शाक्य, अवधेश शाक्य (पूर्व ADO), यादव सिंह एडवोकेट, सुधीर कुशवाहा, मुकेश कुमार शाक्य अध्यापक, कुलदीप कठेरिया एडवोकेट, राम प्रकाश शाक्य, अंचल सिंह कुशवाहा, प्रजीत शाक्य, रघुवीर सिंह कठेरिया, रमेश चंद्र कठेरिया, बरजोर सिंह राजपूत, पुजारी कटियार, बसंत लाल शाक्य, शैल कुमारी शाक्य, मनोज शाक्य, कैप्टन प्रभात शाक्य जिला अध्यक्ष जाप, इंजीनियर नीरज प्रताप शाक्य जिला अध्यक्ष आप, शिवकुमार शाक्य जिला अध्यक्ष TSS, रामचंद्र जी सहित अनेक गणमान्य लोगों ने अपने विचार व्यक्त किए।
सभी वक्ताओं ने एक स्वर में कहा कि सम्राट अशोक का शासनकाल भारतीय इतिहास का स्वर्णिम काल था। उन्होंने धर्म, न्याय और समानता पर आधारित शासन व्यवस्था स्थापित की, जो आज भी प्रासंगिक है। उनके द्वारा स्थापित स्तंभ, शिलालेख और धम्म नीति आज भी समाज को सही दिशा देने का कार्य कर रहे हैं।
कार्यक्रम में विजय सिंह शाक्य, राधेश्याम शाक्य, रामवीर शाक्य, जगमोहन सिंह, गुड्डू शाक्य, अखिलेश शाक्य, घनश्याम शाक्य, पुष्पराज शाक्य, डॉ धर्मवीर शाक्य, अर्पित शाक्य, राजकमल शाक्य, शिवराम शाक्य, महावीर शाक्य, दिलीप बाबू शाक्य, विमलेश शाक्य अध्यापक, जागेश्वर प्रसाद, कमलेश शाक्य, मनोज शाक्य, अनुज राजपूत युवा जिला अध्यक्ष, नबीन कुमार सहित सैकड़ों की संख्या में गणमान्य नागरिक उपस्थित रहे। पूरे कार्यक्रम में सम्राट अशोक के आदर्शों को अपनाने और समाज में समानता, शांति व भाईचारे को बढ़ावा देने का संदेश दिया गया।
यह आयोजन न केवल ऐतिहासिक गौरव की याद दिलाने वाला रहा, बल्कि समाज को एकजुट कर सम्राट अशोक के विचारों को आगे बढ़ाने की प्रेरणा भी देता रहा।
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